आपके यहाँ कहि बाल श्रमिक तो नही वरना आपके

जिले में अभियान चलाकर दी जाये बाल एवं किशोर श्रम अधिनियम की जानकारी – कलेक्टर श्री वर्मा
बड़वानी 14 जून 2021/अशिक्षा के कारण आम लोगो को बाल एवं किशोर श्रम ( प्रतिषेध एवं विनियमन ) अधिनियम की जानकारी, अभियान चलाकर दी जाये। जिससे कोई अनजाने में इस अधिनियम का उल्लंघन कर दण्ड का भागीदारी न बनने पाये ।
कलेक्टर श्री शिवराजसिंह वर्मा ने सोमवार को आयोजित जिला टास्क फोर्स समिति की बैठक में उक्त निर्देश दिये। बैठक में जिला पंचायत सीईओ श्री ऋतुराजसिंह, अपर कलेक्टर श्रीमती रेखा राठौर, सहायक आयुक्त आदिवासी विकास श्री एनएस रघुवंशी, मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डाॅ. अनिता सिंगारे, जिला श्रम पदाधिकारी श्री केएस मुजाल्दा, जिला महिला एवम बाल विकास अधिकारी श्री आरएस गुंडिया, सदस्य बाल कल्याण समिति श्री आनंद सोनी,सहायक उपनिरीक्षक पुलिस श्री पंकज दासुंदी, श्रम निरीक्षक निलेश परमार, चाइल्ड लाइन की जिला समन्यव श्रीमती ललिता गुर्जर, सेव द चिल्ड्रन के श्री मनीष गुप्ता तथा अन्य सामाजिक सस्थानो के अधिकारी एवम कर्मचारी उपस्थित थे
बैठक में दी गई जानकारी
ऽ अधिनियम में संशोधन के उपरान्त अब 14 वर्ष तक की आयु के बच्चो का किसी भी प्रकार से कार्य में नियोजन प्रतिबंधित है।
ऽ 14 से 18 वर्ष तक के बालको का नियोजन खतरनाक प्रक्रियाओं में प्रतिबंधित है।
ऽ इस अधिनियम का उल्लंघन होने पर 20 हजार रूपये न्यूनतम एवं अधिकतम 50 हजार रूपये का दण्ड तथा 6 माह की न्यूनतम एवं अधिकतम 2 वर्ष तक की सजा का प्रावधान है।
ऽ परिवार के व्यवसाय में भी रात 7 बजे से प्रातः 8 बजे तक किसी भी बालक से कार्य नहीं करवाया जा सकेगा ।
ऽ माता – पिता अथवा संरक्षक के विरूद्ध भी दण्ड का प्रावधान है। इसके तहत 10 हजार रूपये तक का जुर्माना लगाया जा सकता है।
कलेक्टर द्वारा दिये गये निर्देश
ऽ जिले के शहरी एवं ग्रामीण क्षेत्रो में जनजाग्रति की जाये एवं अधिनियम की महत्वपूर्ण बातो से परिवार के सदस्यो एवं प्रतिष्ठानो के मालिको को अवगत कराया जाये ।
ऽ सभी व्यापारिक प्रतिष्ठानों पर बाल एवं किशोर श्रम अधिनियम की धाराओं के फ्लेक्स अनिवार्य रूप से प्रदर्शित करवाये जाये ।
ऽ जिले में उक्त अधिनियम का उल्लंघन करने वाले 16 संस्थानों के विरूद्ध न्यायालय में जल्दी से जल्दी अभियोजन दायर किया जाये । जिससे लोग अनजाने में इस प्रकार की गलती पुनः नहीं करने पाये ।
ऽ बाल मजदूरी की शिकायत हेतु जारी 1098 नम्बर की जानकारी विभिन्न माध्यमो से प्रचारित एवं प्रसारित की जाये, जिससे आमजन इसकी शिकायत सहजता से दर्ज करवा सके ।
ऽ टास्क फोर्स समिति के सदस्य विभिन्न संस्थानो/होटल/रेस्टोरेंट/गैरेज/ईट भट्टे/निर्माण स्थलों का सतत निरीक्षण कर देखेंगे कि कही पर बाल श्रम न करवाया जा रहा हो ।
ऽ बाल श्रम से मुक्त कराये गये बालको को बाल कल्याण समिति के माध्यम से उचित पुर्नवास करवाया जाये ।
ऽ ऐसे बच्चो का चिन्हांकन किया जाये, जो शासन के किसी भी योजना के अंतर्गत लाभ से वंचित हैं , ऐसे बच्चों को शासन की विभिन्न योजनाओं से लाभ प्रदान करवाया जाये । जिससे माता- पिता अपने बच्चों से बाल श्रम न करवाए ।